Sunday, 1 April 2012

था, गलियों से गुजरा,वो तेरा नाम लेकर,
कितने ग़मों से हारा, टूटे दिल पे हठ रखकर,
सेहरा" में उसके कुछ ,"असबाब" गिरे हुए थे,
और जालिम मरा था, तेरा नाम लिखकर,
में किसे सुनाऊँ,अपने दिल का हाल,
मेरी बरबादी लेती हे तेरा नाम,...तेरा नाम...
बे-वफाइ दिले बे-वफ़ा की, देखिये,
लेता है बदले खुदा के तेरा नाम, तेरा नाम...तेरा नाम...........
रेत से मेरे घरौंदे कैह् उठे,
अब की आँधी पर, लिख्खा है,तेरा नाम, तेरा नाम..तेरानाम,,,,,,,,
जिंदगी तो जिन्दगी मेरी "मुकेश"
मौत पर भी अब लिख्खा हे तेरा नाम,....तेरा नाम.....mukeshjoshi

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